Diwali Vastu Tips: नवंबर का महीना त्योहारों के रंग में रंगा नजर आएगा। धनतेरस, दिवाली, गोवर्धन पूजा, भाई दूज, छठ पूजा और देव दीपावली जैसे त्योहारों को लेकर घरों में तैयारियां शुरू हो जाती हैं। कोई घर की सफाई में जुट जाता है, तो कोई सजावट और पूजा की तैयारियां करने लगता है। हिंदू धर्म में दिवाली से पहले घर की साफ-सफाई को खास महत्व दिया जाता है। वहीं, वास्तु शास्त्र में भी घर को साफ और व्यवस्थित रखने से जुड़ी कई मान्यताएं प्रचलित हैं।
दिवाली से पहले घर की सफाई में रखें इन 7 बातों का ध्यान
वास्तु मान्यताओं के अनुसार, घर के मुख्य दरवाजे से लेकर पूजा घर और उत्तर-पूर्व दिशा तक की सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। आइए जानते हैं त्योहारों से पहले घर की सफाई करते समय किन 7 बातों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
1. घर से बाहर निकाल दें बेकार सामान
दिवाली की सफाई करते समय घर में लंबे समय से जमा कबाड़ को हटाना न भूलें। टूटे बर्तन, खराब इलेक्ट्रॉनिक सामान, पुराने डिब्बे और इस्तेमाल में नहीं आने वाली चीजों को छांटकर अलग कर दें। वास्तु मान्यताओं में घर में अनावश्यक सामान जमा होने को अच्छा नहीं माना जाता। ऐसे में त्योहारों से पहले घर को साफ और व्यवस्थित बनाना बेहतर रहेगा।
2. मुख्य दरवाजे की सफाई पर दें खास ध्यान
घर का मुख्य दरवाजा प्रवेश का प्रमुख स्थान होता है। वास्तु शास्त्र में इसे विशेष महत्व दिया जाता है। दिवाली से पहले दरवाजे की धूल साफ करें, जाले हटाएं और आसपास बिखरा सामान व्यवस्थित करें। आप चाहें तो प्रवेश द्वार को फूलों, तोरण और खूबसूरत लाइटों से सजा सकते हैं। मान्यता है कि साफ-सुथरा प्रवेश द्वार सुख-समृद्धि का प्रतीक होता है।
3. पूजा घर की सफाई करना न भूलें
दिवाली पर मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा की जाती है। इसलिए त्योहार से पहले पूजा घर की अच्छी तरह सफाई करना जरूरी है। मंदिर में रखी मूर्तियों, तस्वीरों और पूजा के बर्तनों को साफ करें। पुराने फूलों और पूजा के बाद बची सामग्री को भी हटा दें। वास्तु की मान्यताओं के अनुसार, पूजा स्थल को स्वच्छ और व्यवस्थित रखना शुभ माना जाता है।
4. उत्तर-पूर्व दिशा यानी ईशान कोण को रखें साफ
वास्तु शास्त्र में उत्तर-पूर्व दिशा को ईशान कोण कहा जाता है। इसे पूजा-पाठ और आध्यात्मिक गतिविधियों के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। दिवाली से पहले इस दिशा में रखे अनावश्यक सामान को हटा दें और पर्याप्त रोशनी का इंतजाम करें। अगर इस कोने में पूजा घर बना है, तो उसकी साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दें।
5. अंधेरे कोनों और स्टोर रूम की भी करें सफाई
अक्सर लोग घर के सामने वाले हिस्से और कमरों की सफाई तो कर लेते हैं, लेकिन सीढ़ियों के नीचे, स्टोर रूम और अलमारियों के पीछे की जगहों को भूल जाते हैं। त्योहारों से पहले इन हिस्सों की भी अच्छी तरह सफाई करें। धूल और जाले हटाएं तथा जरूरत के मुताबिक रोशनी की व्यवस्था करें। इससे घर अधिक साफ, सुरक्षित और व्यवस्थित रहेगा।
6. घर की सजावट के लिए सोच-समझकर चुनें रंग
दिवाली से पहले घर को नया लुक देने के लिए कई लोग पेंट करवाते हैं और रंग-बिरंगी सजावट करते हैं। वास्तु की कुछ मान्यताओं में हल्के और सुकून देने वाले रंगों को प्राथमिकता दी जाती है। हालांकि, रंग चुनते समय कमरे की रोशनी, घर की बनावट और अपनी पसंद का भी ध्यान रखें। सही रंग और संतुलित सजावट घर को खूबसूरत बना सकते हैं।
7. दीये और लाइट लगाते समय बरतें सावधानी
दिवाली पर घर को दीयों और रंग-बिरंगी लाइटों से सजाने की परंपरा है। वास्तु मान्यताओं में रोशनी को शुभता से जोड़कर देखा जाता है। ऐसे में घर के अंधेरे हिस्सों में भी उचित रोशनी रखें। हालांकि, दीये जलाते समय उन्हें पर्दों, कागज और अन्य ज्वलनशील वस्तुओं से दूर रखें। बिजली की झालर लगाने से पहले तारों और प्लग की जांच करें और खराब लाइटों का इस्तेमाल न करें।
दिवाली की सफाई के दौरान इन बातों का भी रखें ध्यान
नवंबर में लगातार त्योहार होने के कारण घर में पूजा-पाठ, मेहमानों के स्वागत और सजावट की तैयारियां बढ़ जाती हैं। ऐसे में समय रहते सफाई करने से आखिरी समय की भागदौड़ से बचा जा सकता है। घर को साफ रखने के साथ-साथ फर्श को सूखा रखें, सामान व्यवस्थित करें और बिजली व आग से जुड़ी सुरक्षा का ध्यान रखें।
ध्यान दें: वास्तु शास्त्र से जुड़ी बातें पारंपरिक मान्यताओं पर आधारित हैं। इनके वैज्ञानिक प्रमाण स्थापित नहीं हैं। इसलिए त्योहारों की तैयारी करते समय स्वच्छता, सुविधा और सुरक्षा को प्राथमिकता देना जरूरी है।
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